Depression hai to uska ilaj Kaise Kare

0
391

Depression hota kaise hai

  • डिप्रेशन की सबसे बड़ी वजह है चिंता और तनाव यानी दिमाग में केमिकल लोचा। इसके लिए आमतौर पर जिम्मेदार हालात हैं
  • प्रियजन से बिछड़ना (मसलन ब्रेकअप, किसी की मौत या तलाक)
  • नौकरी छूटना या पैसे-जायदाद का नुकसान
  • रिटायरमेंट के बाद खुद को बेकार समझना
  • किसी कड़े मुकाबले में हार जाना
  • मेहनत के बाद भी उम्मीद के मुताबिक नतीजा न मिलना
  • कर्ज बढ़ जाना और उसे चुकाने का जरिया न होना
  • भविष्य के प्रति अनिश्चितता
  • किसी बड़ी बीमारी या मौत का खौफ आदि।

kaise pahchane Depression ko

  • आपका कोई दोस्त, परिजन या जाननेवाला अगर…
  • अक्सर उदास या परेशान रहता हो
  • बातों-बातों में खुद को अक्सर कोसता हो
  • खुद को बेबस महसूस करता हो
  • खूब सोता हो या बिल्कुल नींद न आती हो
  • बिल्कुल कम खाता हो या बहुत ज्यादा खाता हो
  • उसका वजन अचानक बढ़ रहा हो या तेजी से कम हो रहा हो
  • खुशी के मौकों को इग्नोर करता हो
  • सिरदर्द और बदन दर्द की शिकायत लगातार करता हो
  • चिढ़कर या झल्लाकर जवाब देता हो

तो आप समझें कि उसे आपके साथ और डॉक्टर के इलाज की जरूरत है। ऐसे समय में उससे चिढ़े नहीं, बीमार समझकर उसका साथ दें। उससे जी भरकर बात करें। उसकी हरकतों पर नजर जरूर रखें।

Depression ko dur karne ke liye yogh kare

जॉगिंग, स्विमिंग और आउटडोर गेम्स के जरिए तनाव को दूर किया जा सकता है। योग के जरिए भी काफी हद इस हालत से निपटा जा सकता है। इसे करने से पहले किसी योग एक्सपर्ट की सलाह लें। सूर्य प्राणायाम और कपालभाति आप कर सकते हैं। मगर ताड़ासन, कटिचक्रासन, उत्तानपादासन, भरकटासन, भुजंगासन, धनुआसन, मंडूकासन जैसे योग किसी योग्य एक्सपर्ट की देखरेख में करें।

सूर्य नमस्कार
सूर्य नमस्कार एक संपूर्ण एक्सरसाइज है। इसे करने से शरीर के सभी हिस्सों की एक्सरसाइज हो जाती है। सूर्य नमस्कार सुबह के समय खुले में उगते सूरज की ओर मुंह करके करना चाहिए। इससे शरीर को ऊर्जा और विटामिन डी मिलता है। मानसिक तनाव से भी मुक्ति मिलती है। इसमें कुल 12 स्टेप होते हैं, जिनका शरीर पर अलग-अलग तरह से प्रभाव पड़ता है।

Depression me khane par bhi dhyan de

  • पोषण से भरपूर खाना खाएं, जिसमें कार्बोहाइड्रेट के साथ-साथ प्रोटीन और मिनरल भी भरपूर हों, जैसे कि ओट्स, गेहूं आदि अनाज, अंडे, दूध-दही, पनीर, हरी सब्जियां (बीन्स, पालक, मटर, मेथी आदि) और मौसमी फल।
  • ऐंटि-ऑक्सिडेंट और विटामिन-सी वाली चीजें खाएं, जैसे कि ब्रोकली, सीताफल, पालक, अखरोट, किशमिश, शकरकंद, जामुन, ब्लूबेरी, कीवी, संतरा आदि।
  • ओमेगा-थ्री को खाने में शामिल करें। इसके लिए फ्लैक्ससीड्स (अलसी के बीज), नट्स, कनोला, सोयाबीन आदि खाएं।
  • देखने में बदरंग खाने के बजाय रंगीन खाने पर फोकस करें जैसे कि गाजर, टमाटर, ब्लूबेरी, ऑरेंज आदि। -पानी खूब पिएं। नारियल पानी, छाछ आदि भी खूब पिएं।- मसालेदार खाने और जंक फूड से दूर रहें।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here